रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा में आज बीजापुर के सरकारी छात्रावास में नाबालिग छात्राओं के गर्भवती होने का मामला गूंजा। विपक्ष ने इस पर स्थगन प्रस्ताव लाकर चर्चा कराने की मांग की। शासन का जवाब आने के बाद सभापति ने इसे खारिज कर दिया इससे नाराज होकर विपक्ष के सभी सदस्यों ने सदन की कार्यवाही का बहिष्कार कर दिया। शून्यकाल के दौरान आज विपक्ष के 33 सदस्यों ने आसंदी को इस विषय पर स्थगन प्रस्ताव की लिखित सूचना दी। नेता प्रतिपक्ष डॉ चरणदास महंत, कांग्रेस सदस्य भूपेश बघेल, उमेश पटेल, विक्रम मंडावी समेत अन्य सदस्यों ने सदन को बताया कि बीजापुर के गंगालूर में संचालित पोटा केबिन में 3 नाबालिग छात्राएं गर्भवती हैं। इसके अलावा प्रदेश के कई स्थानों में ऐसी घटनाएं आई है। ऐसे मामलों को जिम्मेदार अधिकारी छिपाने का प्रयास कर रहे हैं। बस्तर के पोटा केबिनों में लगातार आदिवासी बच्चियों का शोषण हो रहा है। ऐसे महत्वपूर्ण विषय पर सदन की कार्यवाही रोककर चर्चा कराने की मांग विपक्ष ने की। आसंदी पर बैठे सभापति धरमजीत सिंह ने इस पर सरकार का जवाब मांगा, स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने शासन का लिखित उत्तर दिया। सरकार का जवाब आने के बाद सभापति ने विपक्ष का स्थगन प्रस्ताव खारिज कर दिया। इससे नाराज होकर विपक्ष खड़े होकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए सदन की कार्यवाही से वॉकआउट कर दिया। Post Views: 22 Please Share With Your Friends Also Post navigation CG Weather Update: छत्तीसगढ़ के कई जिलों में आज बारिश के आसार, तापमान में आएगी गिरावट 12वीं के पेपर लीक पर एक्शन शुरू, माशिम ने पुलिस और साइबर सेल में दर्ज कराई FIR