मुंगेली। छत्तीसगढ़ के मुंगेली जिले के जरहागांव थाना क्षेत्र से एक सनसनीखेज और दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। यहाँ एक 9वीं कक्षा में पढ़ने वाली 14 वर्षीय नाबालिग छात्रा के साथ सामूहिक दुष्कर्म (गैंगरेप) की वारदात को अंजाम दिया गया है। पीड़िता की शिकायत पर जरहागांव पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दो नामजद आरोपियों—साहिल यादव और प्रहलाद धुरी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की गंभीर धाराओं के तहत प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर ली है। रास्ते में रोककर की थी मारपीट और धमकी पुलिस में दर्ज शिकायत के अनुसार, घटना की शुरुआत 29 सितंबर 2026 की शाम को हुई। पीड़िता अपनी सहेली के घर से लौट रही थी, तभी रास्ते में साहिल यादव और प्रहलाद धुरी ने उसे रोक लिया। आरोपियों ने छात्रा के साथ गाली-गलौज की, जान से मारने की धमकी दी और बेल्ट से बेरहमी से मारपीट की। इसके बाद वारदात को छुपाने के उद्देश्य से उसे चुप रहने की धमकी देते हुए 500 रुपये थमा दिए। डर के मारे घर नहीं गई पीड़िता, अगले दिन फिर घेरा आरोपियों की धमकी से डरी-सहमी छात्रा घर जाने के बजाय बस पकड़कर रतनपुर चली गई, जहाँ एक अज्ञात महिला ने उसकी मदद की। अगले दिन 30 सितंबर को जब वह घर लौटने के लिए सकरी से बस बदलकर बरेला पहुँची, तो शाम करीब 5 बजे दोनों आरोपी उसे दोबारा मिल गए। नशीला इंजेक्शन देकर किया अचेत, फिर किया गैंगरेप शिकायत के मुताबिक, दोनों आरोपी छात्रा को जबरन एक सूने मकान में ले गए। वहाँ साहिल ने पीड़िता को दबोच रखा, जबकि प्रहलाद ने उसके हाथ में कोई अज्ञात नशीला इंजेक्शन लगा दिया। इंजेक्शन के प्रभाव से छात्रा तुरंत बेहोश हो गई। जब पीड़िता को होश आया, तो उसने खुद को अस्त-व्यस्त कपड़ों में पाया और उसके शरीर पर गंभीर चोट के निशान थे। पीड़िता ने आशंका जताई है कि आरोपियों ने उसकी अचेत अवस्था का फायदा उठाकर बारी-बारी से उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। परिजनों को बताई आपबीती, पुलिस ने दर्ज किया केस इस खौफनाक वारदात के बाद पीड़िता किसी तरह अपने घर पहुँची और परिजनों को पूरी आपबीती सुनाई। जिसके बाद 1 अक्टूबर को परिजनों के साथ थाने पहुँचकर औपचारिक शिकायत दर्ज कराई गई। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए जरहागांव पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की निम्नलिखित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया है: धारा 70(2) व 65(1): सामूहिक दुष्कर्म और नाबालिग से यौन उत्पीड़न के गंभीर प्रावधान धारा 137(2): जबरन अपहरण/व्यपहरण धारा 115(2) व 351(3): स्वेच्छा से चोट पहुँचाना और आपराधिक धमकी देना धारा 296 व 3(5): गाली-गलौज/अशोभनीय कृत्य और समान आशय से मिलकर अपराध करना पुलिस की जांच जारी पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पीड़िता के बयानों और मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर मामले की सूक्ष्मता से जांच की जा रही है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है। साथ ही घटना में इस्तेमाल किए गए नशीले पदार्थ/इंजेक्शन के स्रोत का पता लगाने के लिए पुलिस तकनीकी और कानूनी साक्ष्य जुटा रही है। Post Views: 7 Please Share With Your Friends Also Post navigation IFS अधिकारी पर पत्नी ने लगाए प्रताड़ना के आरोप, अफसर बोले- कोर्ट में चल रहा मामला CG आत्मानंद स्कूल भर्ती: 1812 पदों पर संविदा भर्ती का विज्ञापन जारी, ऐसे करें आवेदन