नई दिल्ली। अक्सर लोग पीठ दर्द को थकान, गलत बैठने की आदत या मांसपेशियों की कमजोरी समझकर नजरअंदाज कर देते हैं। लेकिन हर बार यह सामान्य कारण नहीं होता। कई मामलों में यह दर्द किडनी से जुड़ी गंभीर समस्या का संकेत भी हो सकता है। किडनी हमारे शरीर का अहम अंग है, जो खून को साफ करने, टॉक्सिन बाहर निकालने और शरीर में पानी व मिनरल्स का संतुलन बनाए रखने का काम करती है। ऐसे में किडनी में कोई गड़बड़ी होने पर शरीर अलग-अलग संकेत देता है, जिनमें पीठ दर्द प्रमुख है।

कब पीठ दर्द बन सकता है किडनी की बीमारी का संकेत?

अगर पीठ के निचले हिस्से (कमर के दोनों ओर) में लगातार दर्द हो रहा है और यह दर्द धीरे-धीरे बढ़ रहा है, तो इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। खासतौर पर अगर दर्द के साथ ये लक्षण भी दिखें—

  • पेशाब करते समय जलन या दर्द
  • बार-बार पेशाब आना या कम आना
  • पेशाब में खून या झाग दिखना
  • बुखार और ठंड लगना
  • शरीर में सूजन (खासतौर पर पैरों और चेहरे पर)
  • उल्टी या मतली महसूस होना

ये सभी संकेत Kidney Infection, Kidney Stones या Chronic Kidney Disease जैसी समस्याओं की ओर इशारा कर सकते हैं।

क्या होता है किडनी पेन ?

किडनी का दर्द आमतौर पर पसलियों के नीचे, पीठ के दोनों तरफ या एक तरफ महसूस होता है. यह दर्द अंदर की तरफ गहराई में होता है और कई बार पेट या जांघ की ओर भी फैल सकता है. कुछ लोगों को यह दर्द लगातार महसूस होता है, जबकि किडनी स्टोन की स्थिति में यह अचानक तेज होकर लहरों में आता है.

सामान्य दर्द से कैसे करें फर्क ?

सामान्य पीठ दर्द और किडनी पेन के बीच अंतर समझना जरूरी है. मांसपेशियों का दर्द आमतौर पर पीठ के बीच हिस्से में होता है और आराम करने या पोजीशन बदलने से कम हो जाता है. वहीं किडनी का दर्द साइड में और गहराई में महसूस होता है और जल्दी ठीक नहीं होता. यह दर्द कई बार पेट या जांघ तक भी फैल सकता है.

Please Share With Your Friends Also

By Chhattisgarh Kranti

हमारी कोशिश इस वेबसाइट के माध्यम से आप तक राजनीति, खेल, मनोरंजन, जॉब, व्यापार देश विदेश इत्यादि की ताजा और नियमित खबरें आप तक पहुंच सकें। नियमित खबरों के लिए जुड़े रहिए हमारे साथ। जय जोहार ।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!