नई दिल्ली। देश में पारा रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच रहा है। चिलचिलाती धूप और लू (Heatwave) अब केवल त्वचा झुलसाने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह सीधे नागरिकों के मानसिक स्वास्थ्य और मस्तिष्क की कार्यक्षमता पर प्रहार कर रही है। न्यूरोलॉजी विभाग ने चेतावनी जारी की है कि गर्मी के दौरान होने वाले सिरदर्द को सामान्य थकान समझना एक बड़ी मेडिकल भूल साबित हो सकती है। थकान नहीं, ब्रेन डिहाइड्रेशन का संकेत है सिरदर्द अस्पताल के कंसल्टेंट न्यूरोलॉजिस्ट के अनुसार, ओपीडी में ऐसे मरीजों की संख्या बढ़ी है जो लगातार सिरदर्द, चक्कर आने और भारीपन की शिकायत कर रहे हैं। अक्सर लोग इसे स्क्रीन टाइम या नींद की कमी मानकर पेनकिलर ले लेते हैं। असल में, जब बाहरी तापमान बढ़ता है, तो शरीर खुद को ठंडा रखने के लिए संघर्ष करता है। इस प्रक्रिया में ब्रेन टिश्यूज से पानी की कमी (Dehydration) होने लगती है, जिससे मस्तिष्क तक होने वाला रक्त प्रवाह और ऑक्सीजन की आपूर्ति बाधित होती है। अस्पताल की रिपोर्ट: क्यों खतरनाक है यह स्थिति? गर्मी का असर दिमाग पर पड़ने के मुख्य तकनीकी कारण निम्नलिखित हैं: ऑक्सीजन की कमी: निर्जलीकरण के कारण रक्त गाढ़ा होने लगता है, जिससे मस्तिष्क की कोशिकाओं तक पर्याप्त ऑक्सीजन नहीं पहुंच पाती। इलेक्ट्रोलाइट असंतुलन: पसीने के जरिए सोडियम और पोटेशियम का निकलना नसों के सिग्नल भेजने की क्षमता को प्रभावित करता है। ब्लड प्रेशर में उतार-चढ़ाव: भीषण गर्मी के कारण रक्त वाहिकाएं फैलती हैं, जिससे अचानक बीपी गिरने से बेहोशी या स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है। विशेषज्ञ की राय: डॉक्टरों ने क्या कहा? “लोग अक्सर हीट स्ट्रोक के शुरुआती लक्षणों को नजरअंदाज करते हैं। अगर धूप से आने के बाद आपको तेज सिरदर्द, चिड़चिड़ापन या धुंधला दिखाई दे रहा है, तो यह संकेत है कि आपके दिमाग पर गर्मी हावी हो रही है। तुरंत ठंडी जगह पर जाएं और इलेक्ट्रोलाइट्स का सेवन करें।”— न्यूरोलॉजिस्ट, PSRI अस्पताल, नई दिल्ली बचाव के लिए एडवाइजरी: क्या करें नागरिक? लू के बढ़ते प्रकोप को देखते हुए स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने कुछ जरूरी गाइडलाइंस जारी की हैं। दोपहर 12 बजे से 4 बजे के बीच घर से बाहर निकलने से बचें। यदि निकलना जरूरी हो, तो सिर को सूती कपड़े या टोपी से ढककर रखें। प्यास न लगने पर भी हर 30 मिनट में पानी पिएं। ओआरएस (ORS) या नींबू पानी का सेवन करें ताकि शरीर में नमक की मात्रा बनी रहे। यदि सिरदर्द के साथ उल्टी या तेज बुखार महसूस हो, तो तुरंत नजदीकी सरकारी अस्पताल या न्यूरोलॉजिस्ट से संपर्क करें। Post Views: 37 Please Share With Your Friends Also Post navigation मुंबई में तरबूज खाने से एक ही परिवार के 4 लोगों की मौत, फूड पॉइजनिंग का संदेह