रायपुर। बस्तर में माओवाद छोड़कर मुख्यधारा में लौटे 200 से ज्यादा युवाओं की जिंदगी अब नई दिशा में बढ़ रही है। ये पूर्व माओवादी अब शादी कर परिवार बसाना और माता-पिता बनना चाहते हैं। माओवादी संगठन में रहते हुए कई युवाओं की नसबंदी कराई गई थी। अब इन्हें खुलवाने के लिए प्रशासन विशेष पहल कर रहा है। जल्द ही विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम बस्तर में विशेष मेडिकल कैंप लगाएगी। यहां स्वास्थ्य जांच के बाद मेडिकल प्रोटोकॉल के तहत नसबंदी खोलने की प्रक्रिया की जाएगी। इससे पहले राजनांदगांव में ऐसी प्रक्रिया के बाद 4 पूर्व माओवादी शादी कर चुके हैं और अब पिता भी बन चुके हैं। इसी सफलता से दूसरे आत्मसमर्पित युवाओं में भी नई उम्मीद जगी है। Post Views: 16 Please Share With Your Friends Also Post navigation BJP संगठन महामंत्री पवन साय ने लगाई नेताओं और अधिकारियों की क्लास सड़कों पर बेलगाम ई-रिक्शा, नियम तोड़ने वालों पर सख्ती कब?