साप्ताहिक राशिफल: आचार्य पं गिरीश पाण्डेय(17 से 23 मई ,2026) राशिफल। ग्रहों की विशेष स्थिति (सूर्य-चंद्र वृष में, गुरु-शुक्र मिथुन में, मंगल मेष में, शनि मीन में, राहु कुंभ में और केतु सिंह में) और सप्ताह के दौरान चंद्रमा के वृष से सिंह राशि में गोचर के आधार पर, सभी 12 राशियों के लिए साप्ताहिक राशिफल इस प्रकार है: 1. मेष राशि (Aries)आपकी राशि में मंगल का होना आपको अत्यधिक ऊर्जावान और साहसी बनाएगा। सप्ताह की शुरुआत में चंद्रमा के द्वितीय भाव (वृष) में रहने से धन लाभ के योग बनेंगे। जब चंद्रमा मिथुन और कर्क से होता हुआ सिंह राशि में जाएगा, तो आपके साहस, पराक्रम और पारिवारिक सुख में वृद्धि होगी।विशेष: वाणी पर नियंत्रण रखें, अन्यथा कार्यक्षेत्र में विवाद हो सकता है। 2. वृष राशि (Taurus)आपकी ही राशि में सूर्य और चंद्रमा की युति से सप्ताह की शुरुआत होगी, जो आपको मानसिक रूप से सक्रिय रखेगी। मिथुन के गुरु-शुक्र आपके संचित धन और परिवार में वृद्धि के संकेत दे रहे हैं। चंद्रमा का गोचर आपके आत्मसम्मान को बढ़ाएगा और सुख-सुविधाओं पर खर्च कराएगा।विशेष: अत्यधिक भावुकता या क्रोध से बचें। 3. मिथुन राशि (Gemini)आपकी राशि में गुरु और शुक्र की युति आपको समाज में मान-सम्मान और आकर्षण देगी। सप्ताह की शुरुआत में चंद्रमा द्वादश भाव में होने से खर्च बढ़ सकते हैं, लेकिन जैसे ही चंद्रमा आपकी राशि और फिर कर्क व सिंह में गोचर करेगा, आपकी आर्थिक स्थिति मजबूत होगी और भाई-बहनों का सहयोग मिलेगा।विशेष: निवेश के लिए समय उत्तम है। 4. कर्क राशि (Cancer)सप्ताह की शुरुआत एकादश चंद्रमा के साथ बहुत शानदार रहेगी, जिससे आय के नए स्रोत खुलेंगे। हालांकि, मध्य में चंद्रमा के आपकी राशि और द्वितीय भाव में आने से मानसिक उतार-चढ़ाव रह सकता है। भाग्येश गुरु और लाभेश शुक्र की स्थिति आपको विपरीत परिस्थितियों से बाहर निकाल लेगी।विशेष: स्वास्थ्य के प्रति सचेत रहें, विशेषकर खान-पान का ध्यान रखें। 5. सिंह राशि (Leo)आपकी राशि में केतु की उपस्थिति आपको थोड़ा अंतर्मुखी बना सकती है, लेकिन दशम भाव (वृष) का चंद्रमा सप्ताह की शुरुआत में करियर में बड़ी सफलता दिलाएगा। चंद्रमा का गोचर जब आपकी ही राशि में पहुंचेगा, तब तक आप कई महत्वपूर्ण कार्य पूरे कर चुके होंगे।विशेष: कार्यस्थल पर सीनियर्स के साथ तालमेल अच्छा रहेगा। 6. कन्या राशि (Virgo)भाग्य भाव के चंद्रमा से सप्ताह की शुरुआत आपके रुके हुए कार्यों को गति देगी। दशम भाव में गुरु-शुक्र की उपस्थिति व्यापार और नौकरी में नए अवसर प्रदान करेगी। सप्ताह के अंत में चंद्रमा का गोचर द्वादश और प्रथम भाव को प्रभावित करेगा, जिससे यात्राओं के योग बनेंगे।विशेष: अध्यात्म और धार्मिक कार्यों में रुचि बढ़ेगी। 7. तुला राशि (Libra)अष्टम भाव के चंद्रमा से सप्ताह की शुरुआत होने के कारण शुरुआती दिनों में थोड़ा संभलकर रहने की आवश्यकता है। वाहन सावधानी से चलाएं। हालांकि, जैसे ही चंद्रमा भाग्य भाव (मिथुन) और कर्म भाव (कर्क) में प्रवेश करेगा, आपकी परेशानियां दूर होंगी और भाग्य का पूरा साथ मिलेगा।विशेष: गुरु-शुक्र की अनुकूलता से अचानक धन लाभ संभव है। 8. वृश्चिक राशि (Scorpio)सप्तम भाव में सूर्य-चंद्र की युति वैवाहिक जीवन और साझेदारी के व्यवसाय में अच्छे परिणाम देगी। मेष का मंगल आपको शत्रुओं पर विजय दिलाएगा। सप्ताह के मध्य में चंद्रमा के अष्टम और नवम भाव में गोचर करने से शोध या गुप्त विद्याओं में रुचि बढ़ सकती है।विशेष: कार्यक्षेत्र में सहकर्मियों पर अत्यधिक भरोसा करने से बचें। 9. धनु राशि (Sagittarius)छठे भाव का चंद्रमा सप्ताह की शुरुआत में आपको ऋण, रोग और शत्रुओं से मुक्ति दिलाएगा। सप्तम भाव के गुरु-शुक्र आपके वैवाहिक जीवन में मधुरता लाएंगे और नए व्यापारिक अनुबंध हो सकते हैं। चंद्रमा का गोचर आपके लिए सप्ताह के अंत में अनुकूल परिणाम लेकर आएगा।विशेष: पार्टनरशिप के कामों में पारदर्शिता रखें। 10. मकर राशि (Capricorn)पंचम भाव का चंद्रमा छात्रों और प्रेम संबंधों के लिए सप्ताह की शुरुआत को बेहद सुखद बनाएगा। मीन राशि में बैठे शनि की तीसरी दृष्टि आपके साहस को बढ़ाएगी। चंद्रमा का गोचर जब छठे और सातवें भाव में होगा, तो कोर्ट-कचहरी के मामलों में आपको सफलता मिल सकती है।विशेष: पेट से जुड़ी समस्याओं के प्रति सावधान रहें। 11. कुंभ राशि (Aquarius)आपकी राशि में राहु का होना आपको भ्रमित कर सकता है, लेकिन चतुर्थ भाव का चंद्रमा सप्ताह की शुरुआत में भूमि, भवन या वाहन का सुख दे सकता है। पंचम भाव में गुरु-शुक्र की स्थिति संतान पक्ष से शुभ समाचार दिलाएगी और बुद्धि को सही दिशा में रखेगी।विशेष: माता के स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखें। 12. मीन राशि (Pisces)आपकी राशि में शनि देव गोचर कर रहे हैं, जो आपको अनुशासित रहने की प्रेरणा देते हैं। तृतीय भाव का चंद्रमा सप्ताह की शुरुआत में आपके पराक्रम और संपर्क सूत्र को मजबूत करेगा। चौथे और पांचवें भाव में चंद्रमा का आगे का गोचर पारिवारिक सुख और मानसिक शांति प्रदान करेगा।विशेष: आलस्य का त्याग करें, सफलता कदम चूमेगी। पं. गिरीश पाण्डेयएस्ट्रो-गुरू, भागवत-व्यासएस्ट्रो- सेज पैनल -मेंबरसचिव पुरोहित मंचज़िला- महासमुन्द छ.ग.संपर्क सूत्र – 7000217167संकट मोचन मंदिरमण्डी परिसर,पिथौरा कुंडली संबंधी कार्यों के लिए संपर्क करें(शुल्क -५०१/-) Post Views: 39 Please Share With Your Friends Also Post navigation सूर्य का वृष राशि में गोचर: 12 राशियों पर प्रभाव और ज्योतिषीय विश्लेषण