भिलाई। दुर्ग जिले के भिलाई से पुलिस विभाग में अनुशासनहीनता का मामला सामने आया है। आबकारी एक्ट के एक आरोपी को कथित तौर पर गैर-कानूनी तरीके से छुड़ाने की कोशिश करने वाले दो आरक्षकों को पुलिस विभाग ने तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। निलंबित आरक्षकों की पहचान सोनू चौहान और चंद्रभान चौहान के रूप में हुई है। जानकारी के मुताबिक, दोनों आरक्षक आबकारी एक्ट के मामले में गिरफ्तार आरोपी को छुड़वाने के लिए थाने पहुंचे थे। वहां ड्यूटी पर तैनात प्रधान आरक्षक पर आरोपी को छोड़ने के लिए अनुचित दबाव बनाया गया। नियम विरुद्ध काम से इनकार करने पर गाली-गलौज बताया जा रहा है कि ड्यूटी पर मौजूद वरिष्ठ प्रधान आरक्षक ने नियमों के विपरीत आरोपी को छोड़ने से इनकार कर दिया। इससे दोनों आरक्षक नाराज हो गए और उन्होंने प्रधान आरक्षक के साथ कथित तौर पर गाली-गलौज और अभद्रता की। मामले की जानकारी वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंचने के बाद पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया। अधिकारियों ने प्रथम दृष्टया दोनों आरक्षकों के आचरण को गंभीर अनुशासनहीनता मानते हुए उनके खिलाफ तत्काल कार्रवाई की। दोनों आरक्षक तत्काल निलंबित वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर आरक्षक सोनू चौहान और चंद्रभान चौहान को निलंबित कर दिया गया। विभागीय कार्रवाई के साथ ही पूरे घटनाक्रम की विस्तृत जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक जांच में सामने आने वाले तथ्यों और रिपोर्ट के आधार पर दोनों आरक्षकों के खिलाफ आगे की कड़ी विभागीय कार्रवाई की जाएगी। विभाग ने स्पष्ट किया है कि पुलिसकर्मियों द्वारा नियमों की अनदेखी और वरिष्ठ अधिकारियों या ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों के साथ अनुशासनहीन व्यवहार को गंभीरता से लिया जाएगा। फिलहाल मामले की जांच जारी है और जांच रिपोर्ट के बाद आगे की कार्रवाई तय की जाएगी। Post Views: 8 Please Share With Your Friends Also Post navigation दुर्ग में महिला और बच्चों पर एसिड अटैक, कांवड़ यात्रा के दौरान युवक की खौफनाक हरकत