सूरजपुर। शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय सिलफिली में छात्र-छात्राओं द्वारा की गई तालाबंदी और विरोध प्रदर्शन के मामले में शिक्षा विभाग ने सख्त कार्रवाई की है। विभाग ने प्रशासनिक लापरवाही और अनुशासनहीनता के आरोप में सहायक ग्रेड-3 देवी प्रसाद और भृत्य पायल सिंह को निलंबित कर दिया है। निरीक्षण के बाद सामने आई लापरवाही विद्यालय में तालाबंदी की घटना के बाद नवनियुक्त जिला शिक्षा अधिकारी ने स्कूल का औचक निरीक्षण किया था। इस दौरान सामने आया कि सहायक ग्रेड-3 देवी प्रसाद कर्मचारियों के वेतन से जुड़े कार्यों में गंभीर लापरवाही बरत रहे थे। इसके अलावा उनके नियमित रूप से स्कूल न आने और नशे की हालत में रहने की शिकायतें भी सही पाई गईं, जिसके चलते उन्हें सिविल सेवा आचरण नियमों के उल्लंघन के तहत निलंबित किया गया। भृत्य और अन्य अमले पर भी गिरी गाज छात्र-छात्राओं के विरोध-प्रदर्शन के दौरान भृत्य पायल सिंह की भूमिका भी जांच के दायरे में आई। विभाग के अनुसार, पायल सिंह पर विद्यार्थियों के साथ अनुचित व्यवहार करने और उन्हें उकसाने का आरोप है। इसके आधार पर उन्हें भी निलंबित कर दिया गया है। वहीं, इस पूरे घटनाक्रम में विद्यालय के प्राचार्य और एक व्याख्याता की संलिप्तता को लेकर भी विभाग ने उच्च अधिकारियों को कार्रवाई के लिए पत्र लिखा है। 100 किमी दूर किया गया अटैच निलंबन की कार्रवाई के बाद दोनों कर्मचारियों (देवी प्रसाद और पायल सिंह) का मुख्यालय बदल दिया गया है। उन्हें सिलफिली स्कूल से हटाकर करीब 100 किलोमीटर दूर चांदनी-बिहारपुर क्षेत्र के एक स्कूल में अटैच किया गया है। इस बड़ी कार्रवाई से जिले के शैक्षणिक महकमे में हड़कंप मच गया है। Post Views: 5 Please Share With Your Friends Also Post navigation बालोद में भीषण सड़क हादसा: अनियंत्रित होकर पलटी यात्री बस, कंडक्टर की मौत, कई यात्री घायल सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशन ! बंदियों की सुविधाओं, स्वास्थ्य और विधिक सहायता की समीक्षा उप जेल कटघोरा का निरीक्षण