कोरबा। कोरबा के सिविल लाइन थाना क्षेत्र में ठगी का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। निहारिका इलाके में बाइक सवार दो युवकों ने खुद को पुलिसकर्मी बताकर रिटायर्ड BALCO कर्मचारी को डराया और उसके सोने के गहने उतरवा लिए। आरोपितों ने पुलिस की रेड और गांजा रखने की सूचना का भय दिखाकर बुजुर्ग से सोने की चेन और अंगूठी उतरवाई। इसके बाद बड़ी सफाई से असली गहनों की जगह नकली गहने रखकर फरार हो गए। घर पहुंचने के बाद जब पीड़ित ने पन्नी खोली तो उसके होश उड़ गए। उसमें रखी चेन और अंगूठी नकली थी। इसके बाद उन्होंने मामले की सूचना पुलिस को दी। शिकायत के आधार पर सिविल लाइन पुलिस ने अपराध दर्ज कर आरोपितों की तलाश शुरू कर दी है। बाइक रोककर खुद को बताया पुलिसकर्मी खरमोरा निवासी समीर चट्टोपाध्याय BALCO से सेवानिवृत्त हैं। उन्होंने पुलिस को बताया कि वह बाइक से निहारिका की ओर नारियल पानी पीने गए थे। वहां से वापस घर लौटने के दौरान पीछे से बाइक पर आए दो युवकों ने उन्हें रोक लिया। दोनों युवकों ने खुद को पुलिसकर्मी बताया और कहा कि वे काफी देर से समीर पर नजर रख रहे हैं। इसके बाद आरोपितों ने इलाके में पुलिस की रेड पड़ने की बात कही और उन्हें अपने पहने हुए सोने के गहने सुरक्षित रखने के लिए उतारने को कहा। आरोपितों ने समीर से यह भी कहा कि उनके पास गांजा होने की सूचना मिली है और जल्द पुलिस कार्रवाई हो सकती है। पुलिस कार्रवाई के नाम पर बुजुर्ग घबरा गए। इसी दौरान आरोपितों ने कागज पर हस्ताक्षर कराने की बात कही। बातचीत के दौरान एक युवक ने समीर के गले से सोने की चेन और हाथ से अंगूठी उतरवा ली। दोनों गहनों को एक पन्नी में रखने के बाद आरोपित ने उसे वापस सौंपने का नाटक किया। आरोपितों ने इसी दौरान असली गहनों वाली पन्नी को चालाकी से बदल दिया और समीर के हाथ में नकली चेन और अंगूठी वाली पन्नी थमा दी। उस समय पीड़ित को इसकी भनक तक नहीं लगी। दोनों युवक इसके बाद बाइक से मौके से फरार हो गए। घर पहुंचकर समीर ने जब पन्नी खोली तो उसमें मौजूद गहने नकली निकले। इसके बाद उन्हें ठगी का अहसास हुआ और उन्होंने तत्काल पुलिस को सूचना दी। पीड़ित के मुताबिक दोनों युवक आर्मी जैसी ड्रेस पहने हुए थे। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपितों ने पहले से रेकी कर समीर को निशाना बनाया था या फिर रास्ते में अचानक उन्हें देखकर वारदात को अंजाम दिया। कोरबा नगर पुलिस अधीक्षक प्रतीक चतुर्वेदी के मुताबिक घटना निहारिका क्षेत्र की है। शिकायत मिलने के बाद सिविल लाइन थाने में अपराध दर्ज किया गया है। प्रारंभिक जांच में दो आरोपितों के बाइक से आने की जानकारी सामने आई है। CCTV फुटेज और तकनीकी साक्ष्यों से तलाश पुलिस ने आरोपितों तक पहुंचने के लिए निहारिका और आसपास के इलाकों में लगे CCTV कैमरों के फुटेज खंगालना शुरू कर दिया है। जांच टीम बाइक के नंबर और आरोपितों के आने-जाने के रास्ते की जानकारी जुटा रही है। पुलिस की टीमें संभावित ठिकानों पर दबिश भी दे रही हैं। तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर दोनों आरोपितों की पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है। पुलिस बनकर रोकने वालों से रहें सावधान पुलिस ने लोगों से अपील की है कि केवल वर्दी देखकर या पुलिसकर्मी होने का दावा करने वाले किसी व्यक्ति पर तुरंत भरोसा न करें। यदि कोई व्यक्ति जांच, तलाशी या किसी कार्रवाई के नाम पर रास्ते में रोकता है और गहने या अन्य कीमती सामान उतारने के लिए कहता है, तो पहले उसकी पहचान की पुष्टि करें। विशेष रूप से बुजुर्गों और अकेले सफर करने वाले लोगों को ऐसे मामलों में अतिरिक्त सतर्क रहने की जरूरत है। पुलिस ने कहा है कि किसी भी संदिग्ध व्यक्ति के दबाव या डर में आकर अपना कीमती सामान न सौंपें और जरूरत पड़ने पर तत्काल नजदीकी पुलिस थाने से संपर्क करें। Post Views: 11 Please Share With Your Friends Also Post navigation CG TGT Notification 2026 जारी: 1,654 शिक्षक पदों पर भर्ती, आवेदन की पूरी जानकारी यहां देखें राजधानी में कबाड़ी और ऑटो मैकेनिक बनकर रह रहे थे दो बांग्लादेशी, दोनों बांग्लादेशी गिरफ्तार…