बिलासपुर। आरपीएफ की तत्परता और सूझबूझ से सोमवार को सुबह पेंड्रारोड रेलवे स्टेशन पर एक बड़ा हादसा टल गया। अचानक मानसिक रूप से अस्वस्थ एक युवक प्लेटफार्म दो पर खड़ी बीसीएन मालगाड़ी के ऊपर चढ़ गया। गश्त ड्यूटी पर तैनात सुरक्षा बल सदस्यों की नजर पड़ी तो उन्होंने सबसे पहले स्टेशन मास्टर व संबंधित विभाग को सूचना देकर ओएचई ब्रेकडाउन कराया गया। इसके बाद भारी जद्दोजहद कर युवक को सुरक्षित नीचे उतार लिया गया। उसका चिकित्सकीय परीक्षण कराकर स्वजन को सकुशल सौंप दिया गया। घटना सुबह पांच से छह बजे की है। आरपीएफ की नियमित गश्त और चेकिंग के दौरान प्लेटफार्म नंबर दो और तीन के बीच लाइन नंबर दो पर खड़ी बीसीएन मालगाड़ी के ऊपर एक युवक दिखाई दिया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए ड्यूटी पर तैनात सहायक उप निरीक्षक केपी तिवारी और प्रधान आरक्षक पीएस बारा ने तत्काल स्टेशन प्रबंधक, ओएचई, टीआरडी तथा आपरेटिंग विभाग को सूचना दी। रेलवे अधिकारियों ने बिना समय गंवाए ओवरहेड इलेक्ट्रिक (ओएचई) लाइन की विद्युत आपूर्ति बंद (ब्रेकडाउन) कराई, ताकि किसी प्रकार की करंट लगने की दुर्घटना न हो। इसके बाद संयुक्त प्रयास से युवक को पूरी तरह सुरक्षित नीचे उतार लिया गया। समय पर की गई इस कार्रवाई से एक संभावित बड़ा हादसा टल गया। इसके बाद युवक से पूछताछ करने पर वह अपनी पहचान या पता बताने में असमर्थ रहा। इससे उसकी पहचान करने में आरपीएफ को थोड़ी परेशानी हुई। हालांकि घटना स्थल पर खड़ी भीड़ में शामिल कुछ ग्रामीणों से पूछताछ करने पर पता चला कि युवक ग्राम पंचायत तरई, थाना गौरेला, जिला गौरेला-पेंड्रा-मरवाही का रहने वाला है और मानसिक रूप से अस्वस्थ है। इस पर आरपीएफ ने तत्काल ग्राम पंचायत तरई के सरपंच राहुल कुमार भैना से संपर्क कर घटना की जानकारी दी। सरपंच ने युवक के स्वजन को सूचना देकर उन्हें रेलवे सुरक्षा बल पोस्ट पेंड्रारोड पहुंचाया। माता-पिता ने बताया कि युवक लंबे समय से मानसिक रूप से अस्वस्थ हैं और इसी कारण भटककर रेलवे स्टेशन पहुंच गया होगा। आरपीएफ ने युवक को गौरेला जिला अस्पताल में चिकित्सकीय परीक्षण के लिए भेजा। मेडिकल जांच पूरी होने के बाद सरपंच की उपस्थिति में आवश्यक दस्तावेजी प्रक्रिया पूरी कर युवक को उसके स्वजन के सुपुर्द कर दिया गया। युवक की जा सकती थी जान मालगाड़ी के ऊपर ओएचई तार में हाई वोल्टेज बिजली प्रवाहित होती है। इसमें करंट इतना खतरनाक होता है कि नजदीक आते ही किसी भी चपेट में ले लेता है। जब आरपीएफ ने देखा तो युवक मालगाड़ी के एक वैगन के ऊपर बैठा था। यदि तत्काल ओएचई ब्रेकडाउन नहीं करते तो युवक की जान खतरे में पड़ सकती थी। यही वजह है कि सबसे पहले बिजली बंद कराई गई। इसके बाद कुछ लोगों की मदद से उसे नीचे उतारा गया। कुछ देर परिचालन रहा प्रभावित ओएचई ब्रेकडाउन होने के कारण कुछ देर तक ट्रेनों का परिचालन प्रभावित रहा। हालांकि मालगाड़ी पर चढे युवक को नीचे उतारने के लिए लोगों को भारी मशक्कत करनी पड़ी। वह नीचे उतरने को तैयार नहीं था। इस घटना के कारण ट्रेनों का परिचालन जरुर प्रभावित हुआ लेकिन, युवक की जान बचा ली गई। Post Views: 7 Please Share With Your Friends Also Post navigation बुजुर्ग मां के हक में बड़ा फैसला, बेटे-बहू की बेदखली बरकरार, हाईकोर्ट ने कहा- सम्मान और सुरक्षा भी है अधिकार