. 🌹 श्री राधे🌹🕉️राधारमणम हरे हरे 🕉️आज का पञ्चांग दिनांक:- 12/05/2025, सोमवारपूर्णिमा, शुक्ल पक्ष,वैशाख(समाप्ति काल) तिथि——— पूर्णिमा 22:24:50 तकपक्ष———————— शुक्लनक्षत्र———- स्वाति 06:16:15योग———- वरियान 29:51:36करण——- विष्टि भद्र 09:14:29करण————- बव 22:24:50वार——————— सोमवारमाह———————- वैशाखचन्द्र राशि——- तुला 26:26:25चन्द्र राशि————— वृश्चिकसूर्य राशि—————— मेषरितु———————— ग्रीष्मआयन——————-उत्तरायणसंवत्सर—————– विश्वावसुसंवत्सर (उत्तर)————- सिद्धार्थीविक्रम संवत—————- 2082गुजराती संवत————– 2081शक संवत——————1947कलि संवत—————– 5126सूर्योदय————– 05:33:24सूर्यास्त————— 18:58:03दिन काल———— 13:24:39रात्री काल————- 10:34:44चंद्रास्त————– 05:52:36चंद्रोदय—————- 18:52:36लग्न—– मेष 27°19′ , 27°19′सूर्य नक्षत्र————— कृत्तिकाचन्द्र नक्षत्र—————– स्वातिनक्षत्र पाया—————— रजत 🚩💮🚩 पद, चरण 🚩💮🚩 ता—- स्वाति 06:16:15 ती—- विशाखा 13:00:22 तू—-विशाखा 19:43:47 ते—- विशाखा 26:26:25 💮🚩💮 ग्रह गोचर 💮🚩💮 ग्रह =राशी , अंश ,नक्षत्र, पद============================सूर्य= मेष 27°40, कृतिका 1 अचन्द्र= तुला 19°30 , स्वाति 4 ताबुध =मेष 08°52 ‘ अश्वनी 3 चोशु क्र= मीन 13°05, उ o फाo’ 3 झमंगल=कर्क 16°30 ‘ पुष्य ‘ 4 डगुरु=वृषभ 29°30 मृगशिरा, 2 वोशनि=मीन 04°88 ‘ उ o भा o , 1 दूराहू=(व) मीन 00°25 पू o भा o, 4 दीकेतु= (व)कन्या 00°25 उ oफा o 2 टो============================ 🚩💮🚩 शुभा$शुभ मुहूर्त 🚩💮🚩 राहू काल 07:14 – 08:55 अशुभयम घंटा 10:35 – 12:16 अशुभगुली काल 13:56 – 15: 37अशुभअभिजित 11:49 – 12:43 शुभदूर मुहूर्त 12:43 – 13:36 अशुभदूर मुहूर्त 15:23 – 16:17 अशुभवर्ज्यम 12:33 – 14:21 अशुभप्रदोष 18:58 – 21:06 शुभ 💮चोघडिया, दिनअमृत 05:33 – 07:14 शुभकाल 07:14 – 08:55 अशुभशुभ 08:55 – 10:35 शुभरोग 10:35 – 12:16 अशुभउद्वेग 12:16 – 13:56 अशुभचर 13:56 – 15:37 शुभलाभ 15:37 – 17:17 शुभअमृत 17:17 – 18:58 शुभ 🚩चोघडिया, रातचर 18:58 – 20:17 शुभरोग 20:17 – 21:37 अशुभकाल 21:37 – 22:56 अशुभलाभ 22:56 – 24:15 शुभउद्वेग 24:15 – 25:35 अशुभशुभ 25:35 – 26:54 शुभअमृत 26:54 – 28:13 शुभचर 28:13 – 29:33 शुभ 💮होरा, दिनचन्द्र 05:33 – 06:40शनि 06:40 – 07:48बृहस्पति 07:48 – 08:55मंगल 08:55 – 10:02सूर्य 10:02 – 11:09शुक्र 11:09 – 12:16बुध 12:16 – 13:23चन्द्र 13:23 – 14:30शनि 14:30 – 15:37बृहस्पति 15:37 – 16:44मंगल 16:44 – 17:51सूर्य 17:51 – 18:58 🚩होरा, रातशुक्र 18:58 – 19:51बुध 19:51 – 20:44चन्द्र 20:44 – 21:37शनि 21:37 – 22:30बृहस्पति 22:30 – 23:23मंगल 23:23 – 24:15सूर्य 24:15 – 25:08शुक्र 25:08 – 26:01बुध 26:01 – 26:54चन्द्र 26:54 – 27:47शनि 27:47 – 28:40बृहस्पति 28:40 – 29:33 🚩उदयलग्न प्रवेशकाल 🚩 मेष > 04:04 से 05:36 तकवृषभ > 05:36 से 07:22 तकमिथुन > 07:22 से 10:02 तककर्क > 10:02 से 12:16 तकसिंह > 12:16 से 14:32 तककन्या > 14:32 से 16:48 तकतुला > 16:48 से 19:00 तकवृश्चिक > 19:00 से 21:28 तकधनु > 21:28 से 23:40 तकमकर > 23:40 से 01:18 तककुम्भ > 01:18 से 02:38 तकमीन > 02:38 से 04:00 तक======================= 🚩विभिन्न शहरों का रेखांतर (समय)संस्कार (लगभग-वास्तविक समय के समीप)दिल्ली +10मिनट——— जोधपुर -6 मिनटजयपुर +5 मिनट—— अहमदाबाद-8 मिनटकोटा +5 मिनट———— मुंबई-7 मिनटलखनऊ +25 मिनट——–बीकानेर-5 मिनटकोलकाता +54—–जैसलमेर -15 मिनट नोट– दिन और रात्रि के चौघड़िया का आरंभ क्रमशः सूर्योदय और सूर्यास्त से होता है।प्रत्येक चौघड़िए की अवधि डेढ़ घंटा होती है।चर में चक्र चलाइये, उद्वेगे थलगार ।शुभ में स्त्री श्रृंगार करे, लाभ में करो व्यापार ॥रोग में रोगी स्नान करे, काल करो भण्डार ।अमृत में काम सभी करो, सहाय करो कर्तार ॥अर्थात- चर में वाहन, मशीन आदि कार्य करें ।उद्वेग में भूमि सम्बंधित एवं स्थायी कार्य करें ।शुभ में स्त्री श्रृंगार, सगाई व चूड़ा पहनना आदि कार्य करें ।लाभ में व्यापार करें।रोग में जब रोगी रोग मुक्त हो जाय तो स्नान करें ।काल में धन संग्रह करने पर धन वृद्धि होती है ।अमृत में सभी शुभ कार्य करें । 💮दिशा शूल ज्ञान————-पूर्वपरिहार-: आवश्यकतानुसार यदि यात्रा करनी हो तो घी अथवा काजू खाके यात्रा कर सकते है lइस मंत्र का उच्चारण करें-:शीघ्र गौतम गच्छत्वं ग्रामेषु नगरेषु च lभोजनं वसनं यानं मार्गं मे परिकल्पय: ll 🚩अग्नि वास ज्ञान -:यात्रा विवाह व्रत गोचरेषु,चोलोपनिताद्यखिलव्रतेषु ।दुर्गाविधानेषु सुत प्रसूतौ,नैवाग्नि चक्रं परिचिन्तनियं ।। महारुद्र व्रतेSमायां ग्रसतेन्द्वर्कास्त राहुणाम्नित्यनैमित्यके कार्ये अग्निचक्रं न दर्शायेत् ।। 15 + 2 + 1 = 18 ÷ 4 = 2 शेषआकाश लोक पर अग्नि वास हवन के लिए अशुभ कारक है l 🚩💮 ग्रह मुख आहुति ज्ञान 💮🚩 सूर्य नक्षत्र से अगले 3 नक्षत्र गणना के आधार पर क्रमानुसार सूर्य , बुध , शुक्र , शनि , चन्द्र , मंगल , गुरु , राहु केतु आहुति जानें । शुभ ग्रह की आहुति हवनादि कृत्य शुभपद होता है चन्द्र ग्रह मुखहुति 💮 शिव वास एवं फल -: 15 + 15 + 5 = 35 ÷ 7 = 0 शेष शमशान वास = मृत्यु कारक 🚩भद्रा वास एवं फल -: स्वर्गे भद्रा धनं धान्यं ,पाताले च धनागम:।मृत्युलोके यदा भद्रा सर्वकार्य विनाशिनी।। प्रातः 09:13 तक समाप्त स्वर्गलोक = शुभ कारक 💮🚩 विशेष जानकारी 🚩💮 सत्य पूर्णिमा व्रत कूर्म जयंती बुध जयंती बुद्ध पूर्णिमा 💮🚩💮 शुभ विचार 💮🚩💮 अहिं नृपं च शार्दुलं बरटि बालकं तथा ।परश्वानं च मूर्ख च सप्त सुप्तान्न बोधयेत् ।।।। चा o नी o।। इन सातो को नींद से नहीं जगाना चाहिए…१. साप२. राजा३. बाघ४. डंख करने वाला कीड़ा५. छोटा बच्चा६. दुसरो का कुत्ता७. मुर्ख 🚩💮🚩 सुभाषितानि 🚩💮🚩 गीता -:श्रद्धात्रयविभागयोग :- अo-17 अश्रद्धया हुतं दत्तं तपस्तप्तं कृतं च यत्।,असदित्युच्यते पार्थ न च तत्प्रेत्य नो इह॥, हे अर्जुन! बिना श्रद्धा के किया हुआ हवन, दिया हुआ दान एवं तपा हुआ तप और जो कुछ भी किया हुआ शुभ कर्म है- वह समस्त ‘असत्’- इस प्रकार कहा जाता है, इसलिए वह न तो इस लोक में लाभदायक है और न मरने के बाद ही॥,28॥, ⚜ आज का राशिफल :- 🐏 राशि फलादेश मेष :-(चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो, आ)सही काम का भी विरोध होगा। कोई पुरानी व्याधि परेशानी का कारण बनेगी। कोई बड़ी समस्या बनी रहेगी। चिंता तथा तनाव रहेंगे। नई योजना बनेगी। कार्यप्रणाली में सुधार होगा। सामाजिक कार्य करने के प्रति रुझान रहेगा। मान-सम्मान मिलेगा। रुके कार्यों में गति आएगी। निवेश शुभ रहेगा। नौकरी में चैन बना रहेगा। 🐂 राशि फलादेश वृष :-(ई, ऊ, ए, ओ, वा, वी, वू, वे, वो)धर्म-कर्म में रुचि रहेगी। कोर्ट व कचहरी के कार्य मनोनुकूल रहेंगे। लाभ के अवसर हाथ आएंगे। चोट व रोग से बचें। सेहत का ध्यान रखें। दुष्टजन हानि पहुंचा सकते हैं। झंझटों में न पड़ें। व्यापार-व्यवसाय में वृद्धि होगी। नौकरी में मातहतों का सहयोग मिलेगा। निवेश शुभ रहेगा। परिवार में प्रसन्नता रहेगी। 👫 राशि फलादेश मिथुन :-(का, की, कू, घ, ङ, छ, के, को, ह)शत्रुभय रहेगा। जीवनसाथी के स्वास्थ्य की चिंता रहेगी। विवाद से क्लेश होगा। वाहन व मशीनरी के प्रयोग में सावधानी रखें। कीमती वस्तुएं संभालकर रखें। ऐश्वर्य के साधनों पर सोच-समझकर खर्च करें। कोई ऐसा कार्य न करें जिससे कि बाद में पछताना पड़े। दूसरे अधिक अपेक्षा करेंगे। नकारात्मकता हावी रहेगी। 🦀 राशि फलादेश कर्क :-(ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो)प्रतिद्वंद्विता कम होगी। वाणी में हल्के शब्दों के प्रयोग से बचें। बात बिगड़ सकती है। शत्रुभय रहेगा। कोर्ट व कचहरी के काम मनोनुकूल रहेंगे। जीवनसाथी से सहयोग मिलेगा। व्यापार-व्यवसाय लाभदायक रहेगा। घर-बाहर प्रसन्नता रहेगी। स्त्री वर्ग से सहायता प्राप्त होगी। नौकरी व निवेश में इच्छा पूरी होने की संभावना है। 🦁 राशि फलादेश सिंह :-(मा, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे)भूमि व भवन संबंधी खरीद-फरोख्त की योजना बनेगी। रोजगार प्राप्ति के प्रयास सफल रहेंगे। आर्थिक उन्नति होगी। संचित कोष में वृद्धि होगी। देनदारी कम होगी। नौकरी में मनोनुकूल स्थिति बनेगी। व्यापार-व्यवसाय लाभदायक रहेगा। शेयर मार्केट आदि से बड़ा फायदा हो सकता है। परिवार की चिंता बनी रहेगी। 👧 राशि फलादेश कन्या :-(ढो, पा, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, पो)शारीरिक कष्ट संभव है। लेन-देन में जल्दबाजी न करें। किसी आनंदोत्सव में भाग लेने का अवसर प्राप्त होगा। यात्रा मनोरंजक रहेगी। स्वादिष्ट भोजन का आनंद मिलेगा। विद्यार्थी वर्ग सफलता हासिल करेगा। किसी प्रभावशाली व्यक्ति मार्गदर्शन प्राप्त होगा। स्वास्थ्य का ध्यान रखें। झंझटों में न पड़ें। ⚖ राशि फलादेश तुला :-(रा, री, रू, रे, रो, ता, ती, तू, ते)शत्रुओं का पराभव होगा। व्यवसाय ठीक चलेगा। आय में निश्चितता रहेगी। दु:खद समाचार मिल सकता है। व्यर्थ भागदौड़ रहेगी। काम पर ध्यान नहीं दे पाएंगे। बेवजह किसी व्यक्ति से कहासुनी हो सकती है। प्रयास अधिक करना पड़ेंगे। दूसरों के बहकावे में न आएं। फालतू बातों पर ध्यान न दें। लाभ में वृद्धि होगी। 🦂 राशि फलादेश वृश्चिक :-(तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू)पुराना रोग परेशानी का कारण बन सकता है। जल्दबाजी न करें। आवश्यक वस्तुएं गुम हो सकती हैं। चिंता तथा तनाव रहेंगे। प्रेम-प्रसंग में अनुकूलता रहेगी। भेंट व उपहार देना पड़ सकता है। प्रयास सफल रहेंगे। कार्य की बाधा दूर होगी। निवेश शुभ रहेगा। व्यापार में वृद्धि तथा सम्मान में वृद्धि होगी। 🏹 राशि फलादेश धनु :-(ये, यो, भा, भी, भू, धा, फा, ढा, भे)किसी भी तरह के विवाद में पड़ने से बचें। जल्दबाजी से हानि होगी। राजभय रहेगा। दूर से शुभ समाचार प्राप्त होंगे। घर में मेहमानों का आगमन होगा। व्यय होगा। सही काम का भी विरोध हो सकता है। जोखिम उठाने का साहस कर पाएंगे। निवेश शुभ रहेगा। सट्टे व लॉटरी के चक्कर में न पड़ें। 🐊 राशि फलादेश मकर :-(भो, जा, जी, खी, खू, खे, खो, गा, गी)कोई भी महत्वपूर्ण निर्णय सोच-समझकर करें। किसी अनहोनी की आशंका रहेगी। शारीरिक कष्ट संभव है। लेन-देन में लापरवाही न करें। व्यावसायिक यात्रा सफल रहेगी। रोजगार प्राप्ति के प्रयास सफल रहेंगे। अप्रत्याशित लाभ हो सकता है। व्यापार-व्यवसाय मनोनुकूल चलेगा। शेयर मार्केट से बड़ा लाभ हो सकता है। 🏺 राशि फलादेश कुंभ :-(गू, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, दा)मस्तिष्क पीड़ा हो सकती है। आवश्यक वस्तु गुम हो सकती है या समय पर नहीं मिलेगी। पुराना रोग उभर सकता है। दूसरों के झगड़ों में न पड़ें। हल्की हंसी-मजाक करने से बचें। अप्रत्याशित खर्च सामने आएंगे। चिंता रहेगी। व्यवसाय ठीक चलेगा। आय में निश्चितता रहेगी। यश बढ़ेगा। 🐟 राशि फलादेश मीन :-(दी, दू, थ, झ, ञ, दे, दो, चा, ची)बकाया वसूली के प्रयास सफल रहेंगे। व्यावसायिक यात्रा सफल रहेगी। लाभ के अवसर हाथ आएंगे। विवेक से कार्य करें। लाभ में वृद्धि होगी। फालतू की बातों पर ध्यान न दें। निवेश शुभ रहेगा। नौकरी में उन्नति होगी। व्यापार-व्यवसाय की गति बढ़ेगी। चिंता रह सकती है। थकान रहेगी। प्रमाद न करें। 🚩आपका दिन मंगलमय हो🚩 पं. गिरीश पाण्डेयएस्ट्रो-गुरू, भागवत-व्याससचिव पुरोहित मंचज़िला- महासमुन्द छ.ग.संपर्क सूत्र – 7000217167संकट मोचन मंदिरमण्डी परिसर, पिथौरा Post Views: 191 Please Share With Your Friends Also Post navigation Aaj Ka Rashifal : 11 मई 2025 रविवार का राशिफल पंचांग जानें आज आपका दिन कैसा रहेगा एस्ट्रोलॉजर (एस्ट्रोसेज) पंडित गिरीश पाण्डेय के साथ Aaj Ka Rashifal : 13 मई 2025 मंगलवार का राशिफल पंचांग जानें आज आपका दिन कैसा रहेगा एस्ट्रोलॉजर (एस्ट्रोसेज) पंडित गिरीश पाण्डेय के साथ