छत्तीसगढ़ में आजकल रिश्वत के मामले में भी बढ़ोत्तरी देखने को मिल रही है, यहां अलग-अलग जिलों में सरकारी अधिकारी-कर्मचारी काम के बदले घूस की डिमांड करते है। इसी बीच जांजगीर-चांपा के पंतोरा उपथाना के घूसखोर प्रधान आरक्षक रमेश त्रिपाठी को एसपी विजय पांडेय ने निलंबित कर दिया है. जानकारी के अनुसार, विवादित जमीन को कब्जा दिलाने के नाम पर प्रधान आरक्षक ने 30 हजार रुपये की वसूली की थी. जमीन में कब्जा दिलाने के मांगे थे घूसइस मामले की शिकायत एसपी से की गई थी. वहीं, मामले का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें प्रधान आरक्षक ने 30 हजार लेने की बात कह रहा है. कहा जा रहा है कि इस वीडियो को शिकायतकर्ता ने बनाया था. दरअसल, पंतोरा के विकास देवांगन की जमीन का एक मामला है, जिसमें प्रधान आरक्षक रमेश त्रिपाठी ने विवादित जमीन में कब्जा दिलाने के लिए 30 हजार रुपये लिया था. फिर विकास देवांगन का काम नहीं हुआ और प्रधान आरक्षक ने रुपये भी वापस नहीं दिया. इसके बाद, प्रधान आरक्षक के खिलाफ एसपी से शिकायत की गई और उन्हें वीडियो भी दिखाया गया. इस तरह प्रधान आरक्षक को एसपी ने सस्पेंड कर दिया है और अकलतरा एसडीओपी को विभागीय जांच के निर्देश दिए गए हैं. Post Views: 29 Please Share With Your Friends Also Post navigation 15 अधिकारियों का हुआ तबादला! निलंबित CMO की फिर हुई वापसी, देखें सूची.. पहले बुलाया होटल.. फिर झांसा देकर किया सेक्स! छत्तीसगढ़ में नायब तहसीलदार की काली करतूत..