मप्र। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के बहुचर्चित ट्विशा शर्मा मामले में आज 13 दिन बाद त्विषा का अंतिम संस्कार भदभदा श्मशान घाट में हुआ, जहां त्विषा शर्मा को नम आँखों से अंतिम विदाई दी गई। वही अंतिम सस्कार के बीच समर्थ सिंह के वकील ज्ञानेंद्र शर्मा ने एक बड़ा दावा किया है। गले पर मिले डबल निशानों को लेकर उन्होंने कहा कि फांसी के दौरान रस्सी से ऐसे निशान बनना संभव है, वकील ने नाखूनों के डीएनए सैंपल नहीं लिए जाने पर स्पष्ट जवाब नहीं दिए। ज्ञानेंद्र शर्मा ने कहा कि त्विषा के अबॉर्शन के दौरान परिवार उसके साथ खड़ा था। शरीर पर चोट के निशान को लेकर दावा किया कि फंदे से उतारते समय चोट लगी होगी। वही, समर्थ के वकालत लाइसेंस पर कार्रवाई को लेकर उन्होंने CBI पर निशाना साधा है, उन्होंने कहा कि खुद को कोर्ट से ऊपर समझ रहा है, बिना पक्ष सुने फैसला सुनाया गया है। साथ ही समर्थ सिंह के वकील ज्ञानेंद्र शर्मा ने CBI जांच की मांग पर कहा कि समर्थ का परिवार जांच में पूरा सहयोग देने को तैयार है। नोएडा की रहने वाली 33 वर्षीय त्विशा शर्मा 12 मई को अपने ससुराल कटारा हिल्स में मृत मिली थीं। त्विशा शर्मा की मौत के बाद से ही परिस्थितियों को लेकर रहस्य बना हुआ है। आज मृतिका ट्विशा का दोबारा पोस्टमार्टम किया गया। AIIMS दिल्ली के 5 सदस्यीय पैनल ने आज सुबह करीब 11 बजे पोस्टमार्टम की प्रक्रिया शुरू की थी। मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय ने ट्विशा के परिवार की मांग पर एम्स दिल्ली की विशेष टीम से दूसरी बार शव परीक्षा (re-postmortem) कराने का आदेश जारी किया था। सुप्रीम कोर्ट ने मामले में लिया स्वत: संज्ञानआपको बता दें कि कल भारत के सर्वोच्च न्यायालय ने भोपाल के बहुचर्चित त्विषा शर्मा की कथित मौत के मामले में स्वत: संज्ञान ले लिया है। कोर्ट ने इस मामले को “युवती की संदिग्ध मौत और जांच में कथित पक्षपात” से जुड़ा मामला बताते हुए सुनवाई के लिए दर्ज किया है। इस मामले की सुनवाई सोमवार को मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस विपुल पंचोली की बेंच करेगी। Post Views: 29 Please Share With Your Friends Also Post navigation पिता के साथ जेल गया चार साल का मासूम, मां की मौत के बाद कोर्ट में भावुक दृश्य, जज ने बार-बार पूछा….