ग्राम डोंई में गूंजा गोंडवाना का स्वाभिमान: सतरंगी झंडे के साथ तीन दिवसीय बुढा़देव पूजन संपन्न उदयपुर/सरगुजा: गोंडवाना समग्र विकास क्रांति आंदोलन के तत्वावधान में ग्राम डोंई में आयोजित तीन दिवसीय भव्य कार्यक्रम का सफलतापूर्वक समापन हुआ। प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी आंदोलन के बैनर तले सतरंगी झंडा फहराया गया, जो न केवल गोंडवाना की एकता और समरसता का प्रतीक है, बल्कि साहस, प्रकृति और गौरवशाली संस्कृति को भी दर्शाता है। सांस्कृतिक धरोहर का अनूठा संगमतीन दिनों तक चले इस धार्मिक और सामाजिक महोत्सव में बुढा़देव पूजन मुख्य आकर्षण रहा। इस अवसर पर पारंपरिक बायर (गौरा), करमा और शैला नर्तक दलों ने अपनी मनमोहक झांकियों और नृत्य से उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया। यह आयोजन पूरी तरह से गोंडवाना के मान-सम्मान, स्वाभिमान और भविष्य की चुनौतियों के समाधान पर केंद्रित रहा। मुख्य अतिथियों ने दी उपस्थितिकार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में माननीय जयनाथ सिंह केराम (राष्ट्रीय प्रवक्ता, गोंगपा) उपस्थित रहे। उन्होंने अपने संबोधन में आंदोलन की स्वतंत्रता और समाज के भविष्य के मुद्दों पर जोर दिया। विशिष्ट अतिथियों में शामिल थे: नवल सिंह वरकड़े : जिला संयोजक, गोंडवाना समग्र विकास क्रांति आंदोलन, सरगुजा। विजय सिंह कोर्राम: सरपंच, ग्राम पंचायत साल्ही। कुमेश्वर सिंह पोया जी: जिला अध्यक्ष, गोंगपा सूरजपुर। प्रमुख उपस्थिति एवं नेतृत्वकार्यक्रम की अध्यक्षता सोहन सिंह मरपच्ची ने की। इस दौरान सचिव पवन सिंह टेकाम, सलाहकार हुकुम साय आयम, श्याम बाई आयम (सरपंच, फुलचूही), रामजीत आरमोर (ब्लॉक अध्यक्ष, गोंगपा उदयपुर), श्रवण सिंह वरकड़े (जनपद सदस्य, साल्ही), और मनोहर सिंह उईके (सरपंच, परसा) सहित अम्बिका पोर्ते एवं कई स्थानीय प्रतिनिधि मौजूद रहे। जनसैलाब और उत्साहकार्यक्रम में सैकड़ों की संख्या में मातृशक्ति, पितृ शक्ति और युवा साथियों ने हिस्सा लिया। नर्तक दलों के रिझवार-रिझवारिनों की पारंपरिक वेशभूषा और उल्लास ने पूरे क्षेत्र को गोंडवाना संस्कृति के रंग में सराबोर कर दिया। वक्ताओं ने एकता के सूत्र में बंधकर समाज के सर्वांगीण विकास का संकल्प लिया। Post Views: 29 Please Share With Your Friends Also Post navigation शिक्षकों ने प्रथम नियुक्ति तिथि से पेंशन प्रदान करने सहित 6 सूत्रीय मांगों को लेकर मुख्यमंत्री के नाम एस डी एम उदयपुर को सौंपा ज्ञापन