रील बनाने को लेकर पति से रोज़ विवाद : बच्चों के ट्यूशन जाते ही महिला ने लगाई फांसी… दुर्ग। छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में सोशल मीडिया पर रील बनाने को लेकर पति-पत्नी के बीच चल रहे विवाद ने एक महिला की जान ले ली। छावनी थाना क्षेत्र में रहने वाली 35 वर्षीय महिला ने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। बीते 5 दिनों में दुर्ग-भिलाई क्षेत्र में आत्महत्या के तीन अलग-अलग मामले सामने आ चुके हैं, जिससे इलाके में चिंता का माहौल है। इंस्टाग्राम रील को लेकर होता था विवाद पुलिस के अनुसार, मृतका अंजली साव भिलाई की रहने वाली थी। वह गृहिणी थी और इंस्टाग्राम पर रील बनाती थी। पति पप्पू साव मजदूरी करता है और पत्नी की सोशल मीडिया गतिविधियों का विरोध करता था। इसी बात को लेकर दोनों के बीच आए दिन विवाद होता था। 30 जनवरी को भी दंपती के बीच झगड़ा हुआ। शाम को जब दोनों बच्चे ट्यूशन गए, उसी दौरान अंजली ने घर में पंखे से फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। बच्चों के लौटने पर घटना की जानकारी हुई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। पहले भी कर चुकी थी आत्महत्या की कोशिश स्थानीय लोगों के मुताबिक, अंजली मोहल्ले में रील और डांस वीडियो को लेकर काफी चर्चित थी। उसने 26 जनवरी को इंस्टाग्राम पर आखिरी पोस्ट की थी। दिसंबर में भी उसने धतूरा खाकर आत्महत्या की कोशिश की थी, तब समय रहते उसकी जान बच गई थी। पुलिस ने मामले में मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। 5 दिन में 3 आत्महत्याएं केस-2: बहन ने लगाई फांसी छावनी थाना क्षेत्र के कैंप-1 श्याम नगर इलाके में 27 वर्षीय युवती नीतू कोरी ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। वह अपने दो भाइयों के साथ रहती थी। घटना 31 जनवरी और 1 फरवरी की दरम्यानी रात की है। आत्महत्या के कारण फिलहाल स्पष्ट नहीं हो सके हैं। केस-3: ग्राफिक्स डिजाइनर ने की खुदकुशी जामुल थाना क्षेत्र में 28 जनवरी को 36 वर्षीय सीनियर ग्राफिक्स डिजाइनर भोज नारायण ने घर में फांसी लगाकर जान दे दी। वह भिलाई में किराए के मकान में रहता था। पत्नी और गर्लफ्रेंड को लेकर चल रहे पारिवारिक विवाद के बाद उसने यह कदम उठाया। पुलिस ने मर्ग कायम कर लिया है। Post Views: 29 Please Share With Your Friends Also Post navigation हाईटेक सेक्स रैकेट का हुआ खुलासा, व्हाट्सएप कॉल पर होती थी देह व्यापार की डीलिंग, बाहर से बुलायी जाती थी लड़कियां… जंगल में लकड़ी लेने गए बुजुर्ग की हाथी के हमले में मौत, 100 से अधिक हाथियों की मौजूदगी से ग्रामीणों में दहशत