गौरेला-पेंड्रा-मरवाही। प्यार की कोई सीमा नहीं होती और न ही कोई भाषा, इस बात को सच कर दिखाया है पेंड्रा के सॉफ्टवेयर इंजीनियर अंकित साहू और अमेरिका की कायला ने। अमेरिका की चकाचौंध को छोड़ कायला ने छत्तीसगढ़ की माटी और भारतीय संस्कारों को चुना और नर्मदा के उद्गम स्थल अमरकंटक में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच अंकित के साथ सात फेरे लिए। यहां शुरू हुई थी ‘इंजीनियरिंग’ वाली लव स्टोरीपेंड्रा के प्रतिष्ठित होटल व्यवसायी रमेश साहू के बेटे अंकित साहू पढ़ाई के लिए अमेरिका के मिलवोकी गए थे। वहां पढ़ाई पूरी करने के बाद वे बतौर सॉफ्टवेयर इंजीनियर काम करने लगे। इसी दौरान उनकी मुलाकात अमेरिका की मैकेनिकल इंजीनियर कायला से हुई। साथ काम करते-करते दोनों का दिल एक-दूसरे पर आ गया और दोस्ती देखते ही देखते सात जन्मों के वादे में बदल गई। बारातियों ने चखा छत्तीसगढ़ी मेहमाननवाजी का स्वादअंकित और कायला ने तय किया कि वे पाश्चात्य संस्कृति के बजाय भारतीय रीति-रिवाजों से विवाह करेंगे। 5 फरवरी को अमरकंटक के नर्मदा आनंदम रिसॉर्ट में यह अनोखा विवाह संपन्न हुआ। खास बात यह रही कि कायला के साथ अमेरिका से करीब 1.5 दर्जन (डेढ़ दर्जन) मेहमान भी भारत पहुंचे। भारतीय परिधानों में सजे विदेशी मेहमानों के लिए यह अनुभव किसी सपने जैसा था। दो संस्कृतियों का मिलनहल्दी, मेहंदी और संगीत की रस्मों के बीच जब कायला ने भारतीय दुल्हन के रूप में श्रृंगार किया, तो हर कोई देखता रह गया। अंकित के परिवार ने विदेशी बहू का स्वागत पूरे छत्तीसगढ़ी अंदाज में किया। यह विवाह अब पूरे गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में चर्चा का केंद्र बना हुआ है। Post Views: 19 Please Share With Your Friends Also Post navigation चरित्र पर शक ने ली एक और जान, पति ने कुल्हाड़ी से पत्नी की नृशंस हत्या कर रिश्तों को किया शर्मसार