शारीरिक सुख या कुछ और? आखिर क्यों पति को धोखा दे रही हैं इस उम्र की महिलाएं? जानें शादीशुदा महिलाओं की ख्वाहिशें आज के दौर में ‘एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर’ की खबरें अब सिर्फ पुरुषों के किस्सों तक सीमित नहीं रहीं। अब महिलाओं के भी एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर के किस्से खूब सामने आ रहे हैं, और डराने वाली बात ये है कि ये मामले अब जुर्म तक पहुँच गए हैं। आए दिन हम ऐसी खबरें पढ़ते हैं कि किसी महिला ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर पति की जान ले ली, या फिर पति के घर पहुँचते ही प्रेमी बेड के नीचे या अलमारी में छिपा मिला। इन खबरों को सुनकर मन में एक ही सवाल आता है आखिर ऐसा हो क्यों रहा है? आखिर एक भरी-पूरी गृहस्थी, बच्चों और पति के होते हुए भी वो कौन सी ‘कमी’ रह जाती है, जो उन्हें सुकून की तलाश में एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर करना पड़ता है? चलिए जानते हैं। रिसर्च क्या कहती है? आपको बता दें मनोवैज्ञानिकों का मानना है कि 35 से 40 साल की उम्र महिलाओं के लिए बहुत नाजुक होती है। 35 उम्र में उनके शरीर और मन में कई बदलाव आते हैं। अक्सर इस समय तक शादी को काफी साल हो चुके होते हैं और पति-पत्नी के बीच वो पहले जैसा रोमांस या बातचीत नहीं रहती। अकेलापन, इमोशनल बर्नआउट और खुद को पाने की कोशिश में महिलाएं बाहर का रास्ता चुनकर गैर-मर्द की तरफ आकर्षित होती हैं। इमोशनल वैक्यूम शादी के 10-15 साल बीत जाने के बाद अक्सर पति-पत्नी के बीच बातचीत सिर्फ बच्चों की पढ़ाई, घर के खर्च और जिम्मेदारियों तक सिमट कर रह जाती है। महिलाएं इस उम्र में अक्सर ‘इमोशनल नेग्लेक्ट’ महसूस करती हैं। जब पति उनकी बातों को सुनना या उनकी सराहना करना बंद कर देते हैं, तो कोई भी तीसरा व्यक्ति जो उन्हें थोड़ा ‘अटेंशन’ देता है, उन्हें अपनी ओर खींच लेता है। शारीरिक असंतोष और हार्मोनल बदलाव 35 के बाद महिलाओं में कई हार्मोनल बदलाव होते हैं। कई बार शादीशुदा जिंदगी में शारीरिक आकर्षण खत्म हो जाता है। मनोवैज्ञानिकों के अनुसार, इस उम्र में महिलाएं अपनी पहचान और अपनी इच्छाओं के प्रति अधिक जागरूक हो जाती हैं। वे यह महसूस करना चाहती हैं कि वे आज भी आकर्षक और ‘वांटेड’ हैं। अपनी शारीरिक जरूरतों को पूरा करने के लिए महिलाएं बाहर का रास्ता चुनती हैं। पुरुषों में मिडलाइफ क्राइसिस होता है, वैसे ही महिलाओं में भी होता है। उन्हें लगता है कि उनकी आधी उम्र बीत गई है और उन्होंने अपने लिए कुछ नहीं जिया। बच्चों के बड़े होने और अपनी जिम्मेदारियों के कम होने के बाद, वे खाली समय में उस ‘रोमांच’ की तलाश करती हैं जो उनकी शादीशुदा जिंदगी से गायब हो चुका है। सोशल मीडिया पर मिलने वाला अटेंशन आजकल किसी नए व्यक्ति से जुड़ना बहुत आसान हो गया है। फेसबुक, इंस्टाग्राम और डेटिंग एप्स ने पुराने दोस्तों या नए लोगों से जुड़ने की राह आसान कर दी है । एक साधारण ‘फ्रेंड रिक्वेस्ट’ कब गहरे रिश्ते में बदल जाती है, पता भी नहीं चलता। सोशल मीडिया से जब उन्हें वह अटेंशन मिलता जो उनके परिवार में उन्हें नहीं मिलता और इसी के चलते वह यह रास्ता चुनती हैं। Post Views: 19 Please Share With Your Friends Also Post navigation बर्फबारी के बीच ब्रा और पैंटी पहनकर मस्ती करने लगी देसी भाभी, कड़ाके की ठंड में ऐसा अंदाज देखकर हैरान हुए लोग