रायपुर : राजनांदगांव पुलिस भर्ती घोटाले में एक महिला आरक्षक अभी भी फरार है। विधानसभा में कांग्रेस विधायक चातुरी नन्द के सवाल के जवाब में उप मुख्यमंत्री ने जवाब दिया है। उन्होंने उप मुख्यमंत्री से राजनांदगांव जिले में वर्ष 2024 में 8वीं बटालियन में पुलिस भर्ती में गड़बड़ी की जानकारी मांगी। चातुरी नंद ने पूछा कि मामले में कौन कौन दोषी पाए गए थे और दोषियों के खिलाफ क्या क्या कार्रवाई की गई है? जवाब में गृहमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि जिला-राजनांदगांव में वर्ष 2024 में पुलिस भर्ती में गड़बड़ी पायी गयी थी। थाना लालबाग, जिला-राजनांदगांव में अपराध क्रमांक 568/24, धारा 318(4), 338, 336(3), 340(2) बीएनएस पंजीबद्ध कर आरोपीगण महिला आरक्षक पुष्पा चन्द्रवंशी, परिधि निषाद, आरक्षक धर्मराज मरकाम, सुन्दर लाल नेताम, कार्तिक देशलहरे, विकास सिंह राजपूत, पवन चौरे, योगेश कुमार धुर्वे अभ्यार्थी मीना पात्रे, नेहा चन्द्रवंशी, कम्प्यूटर आपरेटर नुतेश्वरी धुर्वे, फवेन्द्र कुमार चनाप, विशाल यादव, यशवंत उईके लाईका आपरेटर पवन कुमार साहू के विरूद्ध साक्ष्य पाये जाने से गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेजा गया है। वहीं आरोपी महिला आरक्षक 610 काजल की गिरफ्तारी शेष है। उन्होंने बताया कि भर्ती कार्य में संलग्न आरक्षक क्रमांक 1791 अनिल कुमार रत्नाकर ने फांसी लगाकर आत्महत्या की गयी थी। थाना-लालबाग, जिला- राजनांदगांव में मर्ग क्रमांक- 117/24 धारा-194 बीएनएस पंजीबद्ध कर जांच में लिया गया है। अब तक जांच में मृतक आरक्षक भर्ती प्रक्रिया में आने वाले अभ्यर्थियों एवं अन्य के साथ मिलकर रूपये के बदले अभ्यर्थियों के नम्बर में हेरफेर किया जाना पाया गया। Post Views: 212 Please Share With Your Friends Also Post navigation CG : कॉपी जांच के बहाने छात्राओं से करता tha ‘बैड टच’… सुनाता था अश्लील गानें, पढ़ें कलयुगी टीचर के कारनामें CG : बढ़ेगा महतारी वंदन योजना का दायरा, शिक्षकों की होगी बंपर भर्ती… छत्तीसगढ़ सरकार के बजट में हो सकते हैं ये बड़े ऐलान