बिलासपुर। शहर में राजनीतिक हलचल उस समय तेज हो गई जब नगर निगम की सामान्य सभा के दौरान हुए चक्काजाम और हंगामे के मामले में पुलिस ने कड़ी कार्रवाई करते हुए जिला कांग्रेस कमेटी के प्रमुख पदाधिकारियों सहित सात लोगों के खिलाफ FIR दर्ज कर ली। मामला बिलासपुर के सिविल लाइन थाना क्षेत्र का है। पुलिस द्वारा दर्ज FIR में सिद्धांशु मिश्रा, महेंद्र गंगोत्री और दिलीप पाटिल सहित अन्य कांग्रेस नेताओं के नाम शामिल हैं। सभी के खिलाफ बलवा, मार्ग अवरुद्ध करने और शांति भंग करने जैसी धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। जानकारी के अनुसार, नगर निगम की सामान्य सभा के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं और नेताओं ने सदन के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने सड़क पर उतरकर चक्काजाम किया, जिससे यातायात व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हुई। शहर के प्रमुख मार्गों पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और आम नागरिकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। बताया जा रहा है कि यह पूरा विवाद लिंगियाडीह क्षेत्र में अवैध कब्जा हटाने की कार्रवाई के विरोध में हुआ। कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि प्रशासन द्वारा की जा रही कार्रवाई में स्थानीय लोगों के साथ अन्याय किया जा रहा है। इसी मुद्दे को लेकर निगम की सामान्य सभा के दिन प्रदर्शन की रणनीति बनाई गई थी। घटना के दौरान सदन के बाहर माहौल काफी तनावपूर्ण हो गया। प्रदर्शन कर रहे कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच तीखी नोकझोंक भी देखने को मिली। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस बल को अतिरिक्त सतर्कता बरतनी पड़ी। हालांकि, पुलिस ने संयम बनाए रखते हुए स्थिति को संभाला। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, चक्काजाम और हंगामे के चलते शहर की कानून-व्यवस्था और यातायात व्यवस्था प्रभावित हुई, जिसके मद्देनजर कानूनी कार्रवाई की गई है। अधिकारियों का कहना है कि किसी को भी कानून हाथ में लेने की अनुमति नहीं दी जा सकती। इस कार्रवाई के बाद शहर में राजनीतिक बयानबाजी भी तेज हो गई है। कांग्रेस नेताओं ने FIR को राजनीतिक द्वेष की कार्रवाई बताते हुए इसका विरोध जताया है, जबकि प्रशासन और पुलिस ने इसे कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम बताया है। Post Views: 36 Please Share With Your Friends Also Post navigation CG: एयरपोर्ट में बड़ा हादसा टला, रनवे पर लैंडिंग के दौरान उछला विमान, इंडिगो फ्लाइट की रफ लैंडिंग से मचा हड़कंप