Gold Price India 2025 : गोल्ड मार्केट में उतार-चढ़ाव, एक हफ्ते में सोना 3,000 रुपये चढ़ा और फिर गिरा, जानें असली वजह नई दिल्ली। भारतीय गोल्ड मार्केट में इस हफ्ते जबरदस्त उतार-चढ़ाव देखने को मिला। बिहार विधानसभा चुनाव के एग्जिट पोल और नतीजों के दौरान न सिर्फ स्टॉक मार्केट में हलचल रही, बल्कि सोने की कीमतों में भी भारी उठापटक हुई। महीने की शुरुआत में जहां 24 कैरेट सोना ₹1,24,590 प्रति 10 ग्राम के स्तर पर था, वहीं हफ्ते के अंत में यह घटकर ₹1,23,910 प्रति 10 ग्राम पर आ गया। इस दौरान निवेशकों ने सोने में तेज उछाल और गहरी गिरावट—दोनों का अनुभव किया। आइए समझते हैं कि सोने के भाव में अचानक इतना बदलाव क्यों आया। 10–15 नवंबर: सोना कभी चढ़ा, कभी गिरा – पूरा आंकड़ा सोने की कीमतों में हफ्तभर के अंदर बड़ी उथल-पुथल देखने को मिली: 10 नवंबर:₹1,24,590 प्रति 10 ग्राम 11 नवंबर:थोड़ा गिरकर ₹1,24,380 12 नवंबर — सबसे बड़ा उछाल: सोने में लगभग ₹3,000 की तेजी कीमत पहुंची ₹1,27,080 प्रति 10 ग्राम 13 नवंबर:तेजी का ट्रेंड जारी 14 नवंबर — बड़ा क्रैश:सोना टूटकर ₹1,23,900 पर मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर कीमत 2.64% नीचे पहुंचा ₹1,23,400 प्रति 10 ग्राम 15 नवंबर:कीमत लगभग स्थिर, हल्की गिरावट सोने के दाम क्यों उछले और क्यों गिरे? — असली वजहसोने की कीमतें लगातार कई वैश्विक और आर्थिक कारकों के आधार पर बदलती रहती हैं। इस हफ्ते हुए उतार-चढ़ाव के मुख्य कारण थे: अमेरिका में सरकार का शटडाउन खत्म होनाजब अमेरिकी शटडाउन खत्म हुआ, तो दुनिया भर के बाजारों में स्थिरता लौटी।इससे सुरक्षित निवेश (safe haven) के रूप में सोने की मांग कम हुई, और कीमतें नीचे आईं। अस्थिर माहौल में सोने की मांग बढ़ना12–13 नवंबर के दौरान वैश्विक स्तर पर अनिश्चितता बढ़ी।यही कारण था कि सोना ₹3,000 उछलकर रिकॉर्ड लेवल पर पहुंचा। फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दर घटने की उम्मीदब्याज दरें कम होती हैं तो: सोने में निवेश आकर्षक होता है मांग बढ़ती है कीमतें ऊपर जाती हैं यह भी तेजी की एक अहम वजह रही। प्रॉफिट बुकिंग से आई गिरावट बाजार स्थिर होने लगा तो निवेशकों ने मुनाफा बुक करना शुरू कर दिया। इसके चलते 14 नवंबर को सोना एक झटके में 2.64% नीचे आ गया। Post Views: 49 Please Share With Your Friends Also Post navigation पहाड़ों पर बर्फबारी का मैदानी इलाकों में असर, छत्तीसगढ़-मध्यप्रदेश समेत कई राज्यों में शीतलहर का अलर्ट अब हर 5 साल में करानी होगी राशन कार्ड की e-KYC, जानें पूरा ऑनलाइन प्रोसेस