सामाजिक सरोकार की अनुकरणीय व प्रेरणादायक पहल HARIYANA / झज्जर। “अपने लिए तो सब जीते हैं, सही मायने में दूसरे के लिए जीना ही जीवन है।” इसी भावना को आत्मसात करते हुए झज्जर जिले के धारौली गांव की मां-मातृभूमि सेवा समिति ने मानवीय मूल्यों और सामाजिक सरोकार का एक अनुकरणीय उदाहरण पेश किया। समिति ने राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, अंबोली के 120 जरूरतमंद विद्यार्थियों को निःशुल्क स्वेटर वितरित किए। मुख्य अतिथि चेयरमैन सुखबीर जाखड़ ने बच्चों को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं देते हुए कड़ी मेहनत की प्रेरणा दी। विशिष्ट अतिथियों में जोगिंद्र यादव, डायरेक्टर, मेडी-जेईई करियर इंस्टीट्यूट, कोसली, और पर्यावरण संरक्षण को समर्पित मंजीत सिंह अंबोली शामिल हुए। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रधानाचार्य राजेश यादव ने की, जिन्होंने इस पहल को प्रशंसनीय और प्रेरणादायक बताया। मंच संचालन डॉ. महावीर सिंह ने अपने ओजस्वी शब्दों से किया। 21 युवाओं और 1 महिला का सराहनीय योगदान इस नेक कार्य में योगदान देने वाले 21 कामकाजी युवाओं और 1 महिला सामाजिक कार्यकर्ता ने अपनी मेहनत की कमाई से इस पहल को सफल बनाया। प्रमुख नाम इस प्रकार हैं: 👇🏻 सुखबीर जाखड़ (चेयरमैन, रिलायंस ग्रुप ऑफ स्कूल्स) युद्धवीर सिंह लांबा (अध्यक्ष, मां-मातृभूमि सेवा समिति, धारौली) हरबीर मल्हान (शिक्षक, गिरधरपुर निवासी) मंजीत सिंह (पर्यावरण कार्यकर्ता, अंबोली) धर्मेंद्र यादव (मेडी-जेईई करियर इंस्टीट्यूट, कोसली) सागर यादव (फिजिकल ट्रेनर, इंडियन नेवी, रेलवे स्टेशन कोसली) अजय मलिक (जूनियर इंजीनियर, खानपुर कलां, सोनीपत) विक्रांत शर्मा (मैनेजर, ब्रह्मशक्ति व नवजीवन हॉस्पिटल) नवीन लांबा (समाजसेवी, धारौली निवासी) संजीव घणघस (असिस्टेंट टैक्सेशन ऑफिसर, जताई, भिवानी) सोनू कुमार (प्रो., सोनू मोटर वाइंडिंग सेंटर, धारौली निवासी) अजय जांगड़ा (इंजीनियर, भिवानी) प्रेमसुख कुमार (प्रो., बिट्टू स्कूल ड्रेस, कोसली) अमित दांगी (इंजीनियर, मदीना, रोहतक) नितेश भौरिया (प्रो., अर्बन युवा रेडीमेड स्टोर, कोसली) नरसिंह (सरकारी बैंक कर्मचारी, झज्जर निवासी) विक्रम यादव (प्रो., कमला मेडिकल स्टोर, कोसली) कृष्ण सिंह (असिस्टेंट रजिस्ट्रार) रोहित यादव (शिक्षक, कोसली निवासी) पवन कुमार (शिक्षाविद्, गांव धनीरवास) यशपाल चोपड़ा (असिस्टेंट प्रोफेसर व करियर काउंसलर, बहादुरगढ़ निवासी) श्रीमती अनार बाला (सामाजिक कार्यकर्ता, कोसली निवासी) संदेश इस पहल ने यह साबित किया कि यदि समाज के सक्षम लोग आगे आएं, तो कोई भी जरूरतमंद सहायता से वंचित नहीं रहेगा। मां-मातृभूमि सेवा समिति की यह पहल दूसरों के लिए प्रेरणास्त्रोत बनी है। Post Views: 196 Please Share With Your Friends Also Post navigation ब्रेकिंग: “जाको राखे साईंयां, मार सके ना कोई” 17 आरक्षकों को मिली पदोन्नति, एसएसपी सूरजपुर ने लगाया प्रधान आरक्षक का फीता