दिनेश बारी लखनपुर की रिपोर्ट अर्धवार्षिक परीक्षा की समय सारणी की अनदेखी, बच्चों का भविष्य अधर में सरगुजा जिले के लखनपुर विकासखंड की अधिकांश शासकीय प्राथमिक और माध्यमिक शालाओं में 7 दिसंबर, शनिवार को अर्धवार्षिक परीक्षा निर्धारित समय सारणी के विपरीत मनमाने तरीके से संपन्न कराई गई। कई विद्यालयों ने परीक्षा समय से पहले आयोजित कर स्कूलों की छुट्टी कर दी, जिससे बच्चों और अभिभावकों के बीच असंतोष की स्थिति बन गई। समय सारणी की अनदेखी अर्धवार्षिक परीक्षा की समय सारणी के अनुसार: प्राथमिक शाला: सुबह 11:00 बजे से दोपहर 1:00 बजे तक। माध्यमिक शाला: सुबह 10:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक। हालांकि, कई शालाओं ने सुबह 8:00 बजे से ही परीक्षा शुरू कर दी। सर्दी के कारण बच्चों को सुबह जल्दी स्कूल पहुंचने में कठिनाई हुई। परीक्षा के बाद मध्यान्ह भोजन के बिना ही 12:00 बजे से पहले स्कूल बंद कर दिए गए। विभिन्न प्रतिक्रियाएं कुछ प्रधान पाठकों ने समय से पहले परीक्षा आयोजित करने के लिए शनिवार की व्यवस्थाओं का हवाला दिया, जबकि अन्य शिक्षकों ने नियमों का पालन न होने पर असहमति जताई। उनका मानना है कि समय सारणी के अनुसार परीक्षा आयोजित करना अनिवार्य है। जिम्मेदार अधिकारियों की प्रतिक्रिया सहायक खंड शिक्षा अधिकारी मनोज तिवारी ने कहा, “इस मामले की जांच कराई जाएगी।” जिला शिक्षा अधिकारी अशोक सिन्हा से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। जनचर्चा का विषय मनमानी परीक्षा प्रक्रिया और समय सारणी की अनदेखी लखनपुर विकासखंड में शैक्षणिक व्यवस्था की लापरवाही को उजागर करती है। यह बच्चों के भविष्य पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकती है। शासन-प्रशासन से मांग की जा रही है कि शालाओं में नियमों के अनुसार संचालन सुनिश्चित किया जाए। विद्यालयों की अव्यवस्था को सुधारने के लिए जिला प्रशासन को तत्काल कदम उठाने चाहिए। केवल नियमानुसार संचालन से ही बच्चों का उज्ज्वल भविष्य सुनिश्चित किया जा सकता है। Post Views: 311 Please Share With Your Friends Also Post navigation BEO बनाए गए व्याख्याता उच्च न्यायालय के निर्देश पर भेजे गए शिक्षकीय कार्य हेतु स्कूल, ABEO को बनाया गया प्रभारी विकास खंड शिक्षा अधिकारी सुरेंद्र साहू को मिला इंडिया डायमंड डिग्निटी अवार्ड 2024, सामाजिक कार्यों में उत्कृष्ट योगदान के लिए जयपुर में हुआ सम्मान